हरियाणा में बिजली कर्मचारियों के प्रमोशन प्रक्रिया शुरू, मांगा बायोडाटा
एचवीपीएनएल ने जीएसओ से जेई प्रमोशन केस के लिए बायोडाटा और सर्विस रिकॉर्ड मांगा है। जानें किन 13 से अधिक रिकॉर्ड की जांच होगी और आगे क्या प्रक्रिया रहेगी।

- जीएसओ से जेई प्रमोशन केस आगे बढ़ाने के लिए कर्मचारियों का बायोडाटा और सर्विस रिकॉर्ड मांगा गया
- अनुशासनात्मक कार्रवाई, सेफ्टी टेस्ट, एसीआर, प्रोबेशन और एचआरएमएस समेत 13 से अधिक जानकारियों की होगी जांच
- बायोडाटा मांगे जाने से प्रमोशन की गारंटी नहीं, रिकॉर्ड जांच के बाद आगे होगा फैसला
लोकल हरियाणा, पंचकूला। हरियाणा में बिजली कर्मचारियों के के लिए इस वक्त की बड़ी खबर सामने आ रही है। विद्युत प्रसारण निगम लिमिटेड में ग्रिड सब स्टेशन ऑपरेटर यानी जीएसओ से जूनियर इंजीनियर यानी जेई पद पर प्रमोशन की प्रक्रिया आगे बढ़ाई गई है। निगम ने संबंधित जीएसओ कर्मचारियों के प्रमोशन केस तैयार करने के लिए उनका बायोडाटा और सर्विस रिकॉर्ड मांगा है। आदेश में अनुशासनात्मक कार्रवाई, सजा, सेफ्टी कोड टेस्ट, ज्वाइनिंग तारीख, कैटेगरी, प्रोबेशन, हड़ताल अवधि और एसीआर समेत कई जानकारियां उपलब्ध कराने को कहा गया है।
आदेश में यह भी साफ किया गया है कि कर्मचारियों का बायोडाटा एचएसएससी मेरिट लिस्ट के आधार पर मांगा गया है। हालांकि केवल बायोडाटा मांगे जाने से किसी कर्मचारी को प्रमोशन का अधिकार नहीं मिल जाएगा। रिकॉर्ड की जांच और निर्धारित शर्तें पूरी होने के बाद ही प्रमोशन मामलों पर आगे फैसला होगा। हरियाणा विद्युत प्रसारण निगम प्रदेश में बिजली ट्रांसमिशन का काम करने वाली सरकारी कंपनी है।
प्रमोशन से पहले इन रिकॉर्ड की होगी जांच
जीएसओ से जेई प्रमोशन के मामलों को आगे बढ़ाने से पहले निगम ने संबंधित कर्मचारियों का पूरा सर्विस रिकॉर्ड मांगा है। इसमें यह देखा जाएगा कि कर्मचारी के खिलाफ कोई विभागीय कार्रवाई लंबित है या नहीं और सेवा के दौरान कोई सजा तो नहीं दी गई।
इसके अलावा कर्मचारी ने सेफ्टी कोड टेस्ट पास किया है या नहीं, जीएसओ पद पर कब ज्वाइन किया, उसकी कैटेगरी क्या है और सेवा में कोई ब्रेक रहा है या नहीं, इसकी जानकारी भी मांगी गई है।
निगम ने एक्स्ट्रा ऑर्डिनरी लीव, हड़ताल की अवधि, प्रोबेशन की स्थिति, काम और आचरण का रिकॉर्ड तथा ज्वाइनिंग की तारीख से एसीआर भी उपलब्ध कराने को कहा है।
एचआरएमएस रिकॉर्ड पूरा और अपडेट है या नहीं तथा सर्विस रिकॉर्ड में कर्मचारी की पूरी सेवा अवधि दर्ज है या नहीं, इसकी भी पुष्टि करनी होगी।
बायोडाटा मांगा, अभी फाइनल प्रमोशन आदेश नहीं
इस आदेश का मतलब यह नहीं है कि संबंधित सभी जीएसओ कर्मचारियों को जेई पद पर प्रमोशन मिल गया है।
निगम ने साफ लिखा है कि बायोडाटा एचएसएससी मेरिट लिस्ट के आधार पर मांगा गया है, लेकिन इससे किसी कर्मचारी को प्रमोशन का अधिकार या गारंटी नहीं मिलेगी।
यानी फिलहाल विभाग कर्मचारियों की पात्रता और सर्विस रिकॉर्ड की जांच के लिए जानकारी इकट्ठा कर रहा है। इसके बाद ही योग्य कर्मचारियों के प्रमोशन मामलों पर आगे कार्रवाई होगी।
किन अधिकारियों से मांगी गई जानकारी
जारी पत्र में संबंधित कार्यालयों से जीएसओ कर्मचारियों की मांगी गई जानकारी तय रिकॉर्ड के साथ उपलब्ध कराने को कहा गया है। पत्र हरियाणा विद्युत प्रसारण निगम लिमिटेड के मानव संसाधन शाखा से जारी किया गया है।
निगम की आधिकारिक जानकारी के अनुसार एचवीपीएनएल प्रदेश में बिजली ट्रांसमिशन और स्टेट लोड डिस्पैच से जुड़ी जिम्मेदारी संभालता है।
प्रमोशन प्रक्रिया में अब संबंधित कर्मचारियों का सर्विस रिकॉर्ड मिलने के बाद उसकी जांच महत्वपूर्ण रहेगी। इसके बाद ही यह साफ होगा कि किन कर्मचारियों के मामले जेई पद पर प्रमोशन के लिए आगे बढ़ते हैं।
यहाँ देखें लिस्ट











