हरियाणा में बिना पंजीकरण ना मिलेगी खाद और ना ही बिकेगी फसल, आखिरी तारीख नजदिक, फटाफट करें आवेदन
हरियाणा सरकार के 'मेरी फसल-मेरा ब्योरा' पोर्टल पर खरीफ फसलों के पंजीकरण की अंतिम तिथि 31 जुलाई 2026 से संबंधित सभी महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान करता है। इसमें पंजीकरण की अनिवार्यता, MSP पर फसल बेचने और खाद प्राप्त करने के…
हरियाणा के किसानों के लिए ‘मेरी फसल-मेरा ब्योरा’ पोर्टल पर खरीफ फसलों का पंजीकरण 31 जुलाई 2026 तक अनिवार्य कर दिया गया है। इस तिथि के बाद पोर्टल बंद कर दिया जाएगा और बिना पंजीकरण वाले किसानों को न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर फसल बेचने और खाद प्राप्त करने में कठिनाई होगी। कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा ने अधिकारियों को किसानों को इसके बारे में जागरूक करने के निर्देश दिए हैं।
क्यों जरूरी है मेरी फसल-मेरा ब्योरा पोर्टल पर पंजीकरण?
मेरी फसल-मेरा ब्योरा पोर्टल हरियाणा सरकार की एक डिजिटल पहल है, जिसके तहत किसान अपनी फसल और जमीन की जानकारी ऑनलाइन दर्ज करते हैं। इस पोर्टल पर पंजीकरण के बिना किसानों को कई महत्वपूर्ण सरकारी सुविधाओं से वंचित रहना पड़ सकता है।
- MSP पर फसल बिक्री: जब किसान मंडी में सरकारी एजेंसी के पास फसल बेचने जाते हैं, तो पोर्टल में दर्ज फसल ही न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीदी जाएगी। बिना पंजीकरण के MSP पर फसल बेचना संभव नहीं होगा।
- खाद वितरण: किसानों को खाद (यूरिया और डीएपी) भी पोर्टल में दर्ज जमीन और फसल के अनुसार ही मिलेगी। खाद वितरण प्रणाली को पोर्टल से जोड़ा गया है, ताकि खाद सीधे पात्र किसानों तक पहुंच सके।
सरकारी योजनाओं का लाभ: फसल बीमा, मुआवजा, सब्सिडी और अन्य कृषि योजनाओं का लाभ केवल पंजीकृत किसानों को ही मिलेगा।
पंजीकरण की अंतिम तिथि: 31 जुलाई 2026
हरियाणा सरकार ने खरीफ सीजन 2026-27 के लिए पंजीकरण की अंतिम तिथि 31 जुलाई 2026 निर्धारित की है। कुछ जिलों में 15 अगस्त तक की समय-सीमा भी दी गई है, लेकिन अधिकांश जिलों में 31 जुलाई ही अंतिम तिथि है। किसानों को सलाह दी जाती है कि वे अंतिम तिथि से पहले पंजीकरण पूरा कर लें, क्योंकि इसके बाद पोर्टल बंद कर दिया जाएगा।
पंजीकरण कौन कर सकता है
हरियाणा राज्य का कोई भी किसान जिसके पास कृषि भूमि है, वह इस पोर्टल पर पंजीकरण कर सकता है। किसान, जमीन मालिक या पट्टे पर खेती करने वाला व्यक्ति पंजीकरण कर सकता है। पंजीकरण के लिए परिवार पहचान पत्र (PPP) ID अनिवार्य है। परिवार पहचान पत्र एक 8 अंकों का विशिष्ट पहचान नंबर है, जो हरियाणा सरकार द्वारा प्रत्येक परिवार को जारी किया जाता है।
पंजीकरण के लिए जरूरी दस्तावेज
पंजीकरण के लिए निम्नलिखित दस्तावेजों की आवश्यकता होती है:
- परिवार पहचान पत्र (PPP ID) – अनिवार्य
- आधार कार्ड
- खसरा नंबर (भूमि रिकॉर्ड की प्रति)
- बैंक खाता पासबुक की प्रति
- मोबाइल नंबर (OTP के लिए)
- पट्टे वाली भूमि के लिए लीज एग्रीमेंट
पंजीकरण कैसे करें? (ऑनलाइन प्रक्रिया)
किसान तीन तरीकों से पंजीकरण कर सकते हैं:
1. ऑनलाइन (स्वयं):
- पोर्टल fasal.haryana.gov.in पर जाएं
- ‘किसान पंजीकरण’ या ‘Farmer Registration’ विकल्प पर क्लिक करें
- परिवार पहचान संख्या या आधार संख्या दर्ज करें
- OTP के माध्यम से मोबाइल नंबर सत्यापित करें
- व्यक्तिगत जानकारी, जमीन (खसरा नंबर), फसल और बैंक खाते की जानकारी भरें
- आवश्यक दस्तावेज अपलोड करें
- फॉर्म सबमिट करें
2. कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) या अटल सेवा केंद्र:
गांव के CSC या अटल सेवा केंद्र पर जाकर भी पंजीकरण कराया जा सकता है।
3. कृषि विभाग कार्यालय:
जिला या खंड स्तरीय कृषि विभाग कार्यालय से भी सहायता ली जा सकती है।
किसानों को क्या-क्या लाभ मिलेंगे?
मेरी फसल-मेरा ब्योरा पोर्टल पर पंजीकरण के बाद किसानों को कई लाभ मिलते हैं:
- MSP पर फसल बिक्री: सरकारी एजेंसियों को MSP पर फसल बेचने की पात्रता
- खाद सब्सिडी: पोर्टल पर दर्ज रकबे के अनुसार यूरिया और डीएपी खाद
- फसल बीमा: प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत कवरेज
- प्राकृतिक आपदा मुआवजा: फसल नष्ट होने पर मुआवजा
- सरकारी योजनाओं का लाभ: विभिन्न कृषि योजनाओं के तहत सब्सिडी और अनुदान
- प्रत्यक्ष लाभ हस्तांतरण (DBT): सब्सिडी और योजनाओं का लाभ सीधे बैंक खाते में
- ई-खरीद: मंडियों में ऑनलाइन फसल खरीद की सुविधा
सहायता के लिए टोल-फ्री नंबर
पंजीकरण में किसी भी प्रकार की असुविधा होने पर किसान निम्नलिखित माध्यमों से संपर्क कर सकते हैं:
टोल-फ्री नंबर: 1800-180-117 (कुछ स्रोतों में 1800-180-2117 भी दिया गया है)
कृषि विभाग के खंड कार्यालय से संपर्क करें
कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) या अटल सेवा केंद्र पर जाएं
महत्वपूर्ण बातें जो हर किसान को जाननी चाहिए
परिवार पहचान पत्र अनिवार्य: पंजीकरण के लिए PPP ID होना अनिवार्य है। परिवार के किसी भी सदस्य के नाम दर्ज भूमि को भी मान्य माना जाएगा।
सटीक जानकारी दें: किसानों को पोर्टल पर सही और पूरी जानकारी दर्ज करनी चाहिए। गलत जानकारी देने पर MSP और अन्य लाभों से वंचित होना पड़ सकता है।
समय रहते करें पंजीकरण: 31 जुलाई के बाद पोर्टल बंद हो जाएगा, इसलिए किसानों को अंतिम तिथि से पहले पंजीकरण पूरा कर लेना चाहिए।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
प्रश्न: मेरी फसल-मेरा ब्योरा पोर्टल पर पंजीकरण क्यों जरूरी है?
पंजीकरण MSP पर फसल बेचने, खाद प्राप्त करने और सरकारी कृषि योजनाओं का लाभ उठाने के लिए अनिवार्य है।
प्रश्न: पंजीकरण की अंतिम तिथि क्या है?
खरीफ सीजन 2026-27 के लिए पंजीकरण की अंतिम तिथि 31 जुलाई 2026 है।
प्रश्न: पंजीकरण के लिए किन दस्तावेजों की जरूरत होती है?
परिवार पहचान पत्र (PPP ID), आधार कार्ड, खसरा नंबर, बैंक पासबुक और मोबाइल नंबर की आवश्यकता होती है।
प्रश्न: क्या बिना परिवार पहचान पत्र के पंजीकरण हो सकता है?
नहीं, परिवार पहचान पत्र (PPP ID) पंजीकरण के लिए अनिवार्य है।
प्रश्न: पंजीकरण कहां करा सकते हैं?
किसान fasal.haryana.gov.in पोर्टल पर ऑनलाइन, गांव के CSC/अटल सेवा केंद्र पर, या कृषि विभाग कार्यालय में पंजीकरण कर सकते हैं।
प्रश्न: पंजीकरण में सहायता के लिए किस नंबर पर संपर्क करें?
टोल-फ्री नंबर 1800-180-117 या 1800-180-2117 पर संपर्क किया जा सकता है।
प्रश्न: क्या पट्टे पर खेती करने वाला किसान पंजीकरण कर सकता है?
हां, पट्टे पर खेती करने वाला किसान भी पंजीकरण कर सकता है। पट्टे की एग्रीमेंट दस्तावेज के रूप में जमा करनी होगी।





