सोमवार, 07 सितम्बर 2026 | 02:53 ISTFollow us at:
हरियाणा

हरियाणा की जेलों में अवैध मोबाइल पर टेक्नोलॉजी का वार, अंबाला के बाद दूसरी जेलों तक पहुंचेगा नया सिस्टम

हरियाणा की जेलों में अवैध मोबाइल रोकने के लिए अंबाला में Tower Harmonics Call Blocking सिस्टम का पायलट सफल रहा। अब इसे दूसरी जेलों तक बढ़ाने की तैयारी है।

अंबाला जेल में अवैध मोबाइल रोकने के लिए कॉल ब्लॉकिंग सिस्टम
अंबाला जेल में अवैध मोबाइल रोकने के लिए कॉल ब्लॉकिंग सिस्टम

लोकल हरियाणा, चंडीगढ़, 6 सितंबर। हरियाणा की जेलों के अंदर अवैध मोबाइल फोन से होने वाली कॉल और इंटरनेट के इस्तेमाल को रोकने के लिए अब नई तकनीक का दायरा बढ़ाने की तैयारी है। अंबाला जेल में पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर लगाई गई टावर हार्मोनिक्स कॉल ब्लॉकिंग प्रणाली के परिणाम संतोषजनक मिलने के बाद इसे प्रदेश की दूसरी जेलों में भी लागू करने की दिशा में काम किया जा रहा है।

मुलाना से कांग्रेस विधायक पूजा चौधरी द्वारा विधानसभा में पूछे गए सवाल के जवाब में कारागार मंत्री डॉ. अरविंद शर्मा ने बताया कि जेल विभाग का फोकस केवल तलाशी के दौरान अवैध मोबाइल बरामद करने तक सीमित नहीं है। कोशिश ऐसी तकनीकी व्यवस्था तैयार करने की है, जिससे जेल के अंदर पहुंच जाने के बाद भी अवैध मोबाइल से कॉल या इंटरनेट का इस्तेमाल न किया जा सके। अंबाला में इस सिस्टम की कार्यप्रणाली, नेटवर्क कवरेज और अवैध मोबाइल को नियंत्रित करने की क्षमता का परीक्षण किया गया है।

अंबाला जेल में नया सिस्टम कैसे काम कर रहा है

कारागार मंत्री के मुताबिक इस व्यवस्था में पारंपरिक मोबाइल जैमर पर पूरी तरह निर्भर रहने के बजाय टावर आधारित तकनीक का इस्तेमाल किया जाता है। जेल परिसर में लगाए गए विशेष टावरों के जरिए वहां इस्तेमाल होने वाले मोबाइल फोन की कॉल और इंटरनेट सेवाओं को नियंत्रित किया जा सकता है।

विभाग का दावा है कि इससे जेल के आसपास के पूरे मोबाइल नेटवर्क को बंद किए बिना जेल परिसर के भीतर अवैध मोबाइल इस्तेमाल को निशाना बनाया जा सकता है। अंबाला के पायलट प्रोजेक्ट में इसी बात का परीक्षण किया गया कि सिस्टम जेल की निर्धारित सीमा के भीतर कितनी प्रभावी तरीके से काम करता है।

CM मान की राय से पहले HC चीफ जस्टिस नियुक्ति पर विवाद, पंजाब कैबिनेट की इमरजेंसी बैठक

हरियाणा के गन्ना किसानों को आधुनिक खेती और यंत्रों पर सब्सिडी, जानें आवेदन की अंतिम तारीख

पुराने जैमर से अलग क्यों है यह व्यवस्था

अंबाला जेल में मोबाइल नेटवर्क रोकने की समस्या नई नहीं है। सितंबर 2022 में भी जेल प्रशासन ने हाईटेक कॉल ब्लॉकिंग सिस्टम लगाने की बात कही थी। उस समय जेल अधीक्षक ने बताया था कि पुराने जैमर आसपास रहने वाले लोगों के मोबाइल नेटवर्क को भी प्रभावित कर सकते थे, जबकि नई तकनीक का उद्देश्य प्रभाव को जेल परिसर तक सीमित रखना था।

अब सामने आई टावर आधारित व्यवस्था इसी समस्या का ज्यादा लक्षित तकनीकी समाधान मानी जा रही है। मंत्री के अनुसार इसका उद्देश्य सिर्फ फोन पकड़ना नहीं बल्कि जेल में मौजूद अनधिकृत फोन को इस्तेमाल करने लायक ही नहीं रहने देना है।

अभी किन दूसरी जेलों में यह सिस्टम लगेगा

सरकार ने फिलहाल Tower Harmonics Call Blocking प्रणाली लगाने वाली अगली जेलों की अंतिम सूची सार्वजनिक नहीं की है। अंबाला में पायलट सफल रहने के बाद दूसरी जेलों की जरूरत और वहां की तकनीकी परिस्थितियों का आकलन कर विस्तार की दिशा में आगे की कार्रवाई की जाएगी।

हालांकि 30 अगस्त को जेल विभाग से जुड़ी एक अलग सरकारी जानकारी में केंद्रीय जेल हिसार के साथ फरीदाबाद, कुरुक्षेत्र, कैथल और सिरसा की जेलों में आधुनिक निगरानी तकनीक लगाने की प्रक्रिया चलने और इसके लिए 9.16 करोड़ रुपये मंजूर किए जाने की जानकारी दी गई थी। सरकार ने अभी यह स्पष्ट नहीं किया है कि इन पांच जेलों में लगने वाली तकनीक में यही Tower Harmonics Call Blocking सिस्टम भी शामिल होगा या नहीं।

जेलों से मोबाइल कॉल रोकना क्यों बना बड़ी चुनौती

हरियाणा की जेलों से पहले भी अवैध मोबाइल मिलने के मामले सामने आते रहे हैं। अगस्त 2025 में सामने आई जानकारी के अनुसार पांच जेलों से छह महीने के दौरान 23 मोबाइल फोन बरामद हुए थे और ऐसे मामलों की विशेष जांच कराने की सिफारिश की गई थी। चिंता यह रही है कि जेल के अंदर मोबाइल पहुंचने पर उसका इस्तेमाल बाहर मौजूद लोगों से संपर्क और आपराधिक गतिविधियों के संचालन के लिए किया जा सकता है।

अंबाला जेल में भी पहले बड़ी संख्या में मोबाइल बरामद हो चुके हैं। सितंबर 2022 में एक जांच के दौरान आठ मोबाइल फोन, सात बैटरियां और छह सिम कार्ड मिलने के बाद 10 बंदियों के खिलाफ केस दर्ज किया गया था। उसी दौरान हाईटेक कॉल ब्लॉकिंग सिस्टम लगाने की योजना की जानकारी सामने आई थी।

अंबाला में सुरक्षा के लिए और भी बढ़ाई गई तकनीक

कॉल ब्लॉकिंग व्यवस्था के अलावा अंबाला सेंट्रल जेल में हाल ही में निगरानी व्यवस्था भी बढ़ाई गई है। 2 सितंबर को सामने आई जानकारी के अनुसार जेल परिसर में 96 नए CCTV कैमरे लगाए गए हैं और मोबाइल नेटवर्क को नियंत्रित करने के लिए नए सुरक्षा उपकरण भी लगाए गए हैं। कैमरों के जरिए जेल के अलग-अलग हिस्सों की निगरानी कंट्रोल रूम से की जा रही है।

हरियाणा जेल विभाग अब तलाशी, CCTV निगरानी और दूसरी पारंपरिक सुरक्षा व्यवस्थाओं के साथ तकनीक आधारित कॉल ब्लॉकिंग को जोड़ने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। अंबाला के बाद इस सिस्टम का अगला चरण किन जेलों से शुरू होगा, यह संबंधित जेलों के तकनीकी आकलन के बाद तय होगा।

लेखक

Sandeep Kumar

संदीप कुमार LocalHaryana.com के संस्थापक और संपादक हैं। वे वर्ष 2020 से डिजिटल पत्रकारिता और ऑनलाइन समाचार प्रकाशन के क्षेत्र में कार्य कर रहे हैं। वे मुख्य रूप से हरियाणा समाचार, सरकारी योजनाएं, नौकरियां, शिक्षा, खेतीबाड़ी और मौसम से जुड़े विषयों पर लेखन और संपादन करते हैं। उनका प्रयास पाठकों तक तथ्य आधारित, स्पष्ट और उपयोगी जानकारी सरल हिंदी में पहुँचाना है। LocalHaryana.com पर प्रकाशित सामग्री उपलब्ध आधिकारिक सूचनाओं और विश्वसनीय स्रोतों के आधार पर तैयार की जाती है।

और पढ़ें

सभी देखें