हरियाणा में क्लर्कों की सैलरी में बढोतरी, केवल इन कर्मचारियों को मिलेगा लाभ। Haryana Clerk Salary Hike 2026
Haryana Clerk Salary Hike 2026: हरियाणा सरकार ने राज्य के करीब 15,000 लिपिकों (क्लर्कों) को बड़ी राहत देते हुए अतिरिक्त वेतनवृद्धि को उनके बेसिक वेतनमान में स्थायी रूप से शामिल करने का आदेश जारी किया है। वित्त विभाग ने…
Haryana Clerk Salary Hike 2026: हरियाणा सरकार ने राज्य के करीब 15,000 लिपिकों (क्लर्कों) को बड़ी राहत देते हुए अतिरिक्त वेतनवृद्धि को उनके बेसिक वेतनमान में स्थायी रूप से शामिल करने का आदेश जारी किया है। वित्त विभाग ने 22 जुलाई 2026 को जारी स्पष्टीकरण में कहा कि वरिष्ठ क्लर्कों (2020 से पहले बैच) को 3 और 2020 बैच के क्लर्कों को 2 अतिरिक्त वेतनवृद्धि मौजूदा पे-लेवल या एसीपी स्तर पर दी जाएंगी। यह लाभ 8 फरवरी 2024 से प्रभावी माना जाएगा।
क्या है पूरा मामला
हरियाणा सरकार के वित्त विभाग ने 8 फरवरी 2024 को क्लर्कों के वेतनमान में संशोधन किया था, जिसमें कुछ शर्तों के आधार पर अतिरिक्त वेतनवृद्धि का प्रावधान था। हालांकि, क्लेरिकल एसोसिएशन वेलफेयर सोसायटी (हरियाणा) ने इस आदेश में कई अस्पष्टताओं को उठाते हुए वित्त विभाग से स्पष्टीकरण की मांग रखी। एसोसिएशन की मांग पर सरकार ने पूरे मामले पर दोबारा विचार किया और 22 जुलाई 2026 को नया स्पष्टीकरण जारी किया। इस स्पष्टीकरण से क्लर्कों, वरिष्ठ क्लर्कों, सहायकों और संबंधित कर्मचारियों के वेतन निर्धारण, एसीपी, पदोन्नति, पेंशन और अन्य लाभों को लेकर चल रही अधिकांश शंकाएं समाप्त हो गई हैं।
किसे कितनी अतिरिक्त वेतनवृद्धि मिलेगी
नए आदेश के तहत अतिरिक्त वेतनवृद्धि का लाभ इस प्रकार मिलेगा:
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2020 से पहले नियुक्त सभी वरिष्ठ क्लर्क: 3 अतिरिक्त वेतनवृद्धि
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2020 बैच के क्लर्क: 2 अतिरिक्त वेतनवृद्धि
ये अतिरिक्त वेतनवृद्धियां कर्मचारी के मौजूदा पे-लेवल या एसीपी स्तर पर दी जाएंगी। सभी पात्र कर्मचारियों का वेतन हरियाणा सिविल सेवा (वेतन) नियम, 2016 के अनुसार पुनर्निर्धारित किया जाएगा।
पुरानी व्यवस्था क्या थी: पहले के प्रावधानों के अनुसार एसईटीसी परीक्षा उत्तीर्ण करने और परिवीक्षा अवधि सफलतापूर्वक पूरी करने वाले क्लर्कों को नियमित सेवा के 8 वर्ष पूरे होने तक एक अतिरिक्त वेतनवृद्धि का लाभ दिया जाना था। इसके अलावा 27 वर्ष की सेवा पूरी करने के बाद भी पदोन्नति नहीं मिलने वाले क्लर्कों को एक अतिरिक्त वेतनवृद्धि दी जाती थी। अब सरकार ने इन दोनों प्रावधानों को समाप्त कर नई व्यवस्था लागू कर दी है।
बेसिक-पे में स्थायी विलय, किन-किन लाभों पर पड़ेगा असर
सबसे अहम बात यह है कि अतिरिक्त वेतनवृद्धि अब कर्मचारियों की बेसिक-पे का स्थायी हिस्सा होगी। इसका मतलब है कि भविष्य में मिलने वाले लगभग सभी वित्तीय और सेवा लाभ बढ़े हुए बेसिक वेतनमान के आधार पर मिलेंगे। इन लाभों में शामिल हैं:
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महंगाई भत्ता (DA)
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मकान किराया भत्ता (HRA)
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वार्षिक वेतन वृद्धि (Annual Increment)
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छुट्टियों का भुगतान (लीव एनकैशमेंट)
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पदोन्नति पर वेतन निर्धारण
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एसीपी (एश्योर्ड करियर प्रमोशन)
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पेंशन और सेवानिवृत्ति लाभ
अहम तारीख: 8 फरवरी 2024 से मिलेगा लाभ
वित्त विभाग ने स्पष्ट किया है कि अतिरिक्त वेतनवृद्धि का लाभ 8 फरवरी 2024 से प्रभावी माना जाएगा। जिन कर्मचारियों पर यह आदेश लागू होता है, उन्हें उसी तिथि से संशोधित लाभ प्रदान किए जाएंगे।
वित्त विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि अतिरिक्त वेतनवृद्धि मिलने के बावजूद वार्षिक वेतन वृद्धि की तिथि में कोई बदलाव नहीं होगा। अगली वेतन वृद्धि निर्धारित तिथि पर ही जारी होगी।
प्रमोशन के बाद भी मिलेगा लाभ
एक बड़ी राहत यह भी दी गई है कि यदि किसी क्लर्क को अतिरिक्त वेतनवृद्धि मिलने के बाद सहायक (असिस्टेंट) पद पर पदोन्नति मिल चुकी है, तब भी उसे पूरा लाभ मिलेगा। ऐसे मामलों में हरियाणा सिविल सेवा (वेतन) नियम, 2016 के तहत वेतन का पुनर्निर्धारण किया जाएगा।
चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी और बिना SETC पास क्लर्कों को भी मिलेगा लाभ
वित्त विभाग ने स्पष्ट किया है कि विभागीय टाइप टेस्ट या SETC पास नहीं करने वाले लिपिक भी संशोधित आदेश के तहत अतिरिक्त वेतनवृद्धि के पात्र होंगे।
साथ ही, यदि कोई चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी (जैसे पियन) SETC पास किए बिना लिपिक पद पर पदोन्नत हुआ है, तो उसे भी अतिरिक्त वेतनवृद्धि का लाभ मिलेगा। हरियाणा सिविल सेवा (वेतन) नियम, 2016 के नियम 38 के तहत अनुमानित वेतन (प्रिजंप्टिव पे) ले रहे ऐसे कर्मचारियों को भी यह लाभ दिया जाएगा।
वरिष्ठ-कनिष्ठ वेतन विसंगति का क्या होगा
अतिरिक्त वेतनवृद्धि के कारण यदि किसी जूनियर कर्मचारी का वेतन वरिष्ठ कर्मचारी से अधिक हो जाता है, तो ऐसे मामलों का निस्तारण स्वचालित रूप से नहीं होगा। वित्त विभाग ऐसे प्रत्येक मामले की जांच कर्मचारी के सेवा रिकॉर्ड और तथ्यों के आधार पर अलग-अलग करेगा।
सरकार ने सभी विभागों को दिए निर्देश
वित्त विभाग ने सभी प्रशासनिक सचिवों, विभागाध्यक्षों, मंडलायुक्तों, उपायुक्तों और अन्य अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे इन स्पष्टीकरणों को पूरी ईमानदारी से लागू करें ताकि संशोधित वेतनवृद्धि नीति पूरे हरियाणा में एक समान रूप से लागू हो।








