शनिवार, 17 अक्टूबर 2026 | 20:26 ISTहमसे जुड़ें:
शिक्षा

हरियाणा के स्कूलों में एआई से होगी पढाई, 400 शिक्षकों की 6 दिनों की ट्रेनिंग शुरू

लोकल हरियाणा, भिवानी। नारनौल। हरियाणा के सरकारी प्राइमरी स्कूलों में बच्चों को पढ़ाने के लिए अब शिक्षक एआई और स्मार्ट टीवी का इस्तेमाल भी सीखेंगे। बुधवार, 7 अक्टूबर से महेंद्रगढ़ जिले के करीब 400 प्राइमरी शिक्षकों की छह…

हरियाणा के सरकारी प्राइमरी शिक्षकों की एआई आधारित शिक्षण ट्रेनिंग
हरियाणा के सरकारी प्राइमरी शिक्षकों की एआई आधारित शिक्षण ट्रेनिंग
खबर की मुख्य बातें
  • 25 सितंबर से शिक्षकों का रजिस्ट्रेशन शुरू
  • 10 अक्टूबर तक कराया जा सकेगा रजिस्ट्रेशन
  • 30 अक्टूबर तक चलेगी ऑनलाइन एआई ट्रेनिंग

लोकल हरियाणा, भिवानी।

नारनौल। हरियाणा के सरकारी प्राइमरी स्कूलों में बच्चों को पढ़ाने के लिए अब शिक्षक एआई और स्मार्ट टीवी का इस्तेमाल भी सीखेंगे। बुधवार, 7 अक्टूबर से महेंद्रगढ़ जिले के करीब 400 प्राइमरी शिक्षकों की छह दिवसीय ट्रेनिंग शुरू हो रही है। निपुण हरियाणा मिशन के तहत होने वाली इस ट्रेनिंग में शिक्षकों को गणित और अंग्रेजी पढ़ाने के नए तरीकों के साथ एआई से वर्कशीट, लेसन प्लान और अभ्यास के सवाल तैयार करना सिखाया जाएगा।

यह ट्रेनिंग केवल एआई टूल चलाने तक सीमित नहीं रहेगी। शिक्षकों को स्मार्ट टीवी, टीचिंग लर्निंग मटीरियल और बच्चों के सीखने के स्तर के अनुसार पढ़ाई की सामग्री तैयार करने का अभ्यास भी कराया जाएगा।

AI से बच्चों के स्तर के अनुसार बनेगी वर्कशीट

एक ही कक्षा में सभी बच्चे एक गति से नहीं सीखते। किसी बच्चे को गणित का सवाल समझने के लिए ज्यादा अभ्यास की जरूरत हो सकती है तो किसी को चित्र या उदाहरण से बात जल्दी समझ आती है।

ट्रेनिंग में शिक्षकों को बताया जाएगा कि एआई की मदद से बच्चों के स्तर के अनुसार अलग-अलग वर्कशीट कैसे तैयार की जा सकती हैं। किसी विषय को समझाने के लिए शैक्षणिक वीडियो चुनने और जरूरत के अनुसार पढ़ाई की दूसरी सामग्री तैयार करने पर भी काम होगा। परीक्षा और अभ्यास के लिए सैंपल प्रश्न पत्र बनाने में भी एआई का इस्तेमाल सिखाया जाएगा।

इससे शिक्षक को रोज की तैयारी में लगने वाला कुछ समय बच सकता है और वह कमजोर या अतिरिक्त मदद की जरूरत वाले बच्चों पर ज्यादा ध्यान दे सकेगा।

स्मार्ट टीवी से गणित और अंग्रेजी भी पढ़ाएंगे शिक्षक

गणित की ट्रेनिंग में केवल किताब के सवाल हल कराने के बजाय टीएलएम किट और दूसरे व्यावहारिक तरीकों का इस्तेमाल सिखाया जाएगा। शिक्षक ऐसे लेसन प्लान तैयार करेंगे जिनसे बच्चों को गणित की अवधारणाएं आसान तरीके से समझाई जा सकें।

अंग्रेजी में स्मार्ट टीवी और ऑडियो-विजुअल सामग्री का इस्तेमाल किया जाएगा। फोनिक्स, एक्शन वर्ड्स और सही उच्चारण जैसी चीजें बच्चों को वीडियो और गतिविधियों के जरिए समझाने पर जोर रहेगा।

छह दिन की ट्रेनिंग में शिक्षकों का भी होगा आकलन

इस प्रशिक्षण में केवल उपस्थिति दर्ज कराना काफी नहीं होगा। हर दिन शिक्षकों के सीखने के स्तर को जांचने के लिए प्री-टेस्ट और पोस्ट-टेस्ट की व्यवस्था रखी गई है। उनकी उपस्थिति निपुण ऐप और संपर्क स्मार्ट शाला ऐप के जरिए डिजिटल रूप से दर्ज की जाएगी। जिला एफएलएन संयोजक डॉ. विक्रम सिंह के अनुसार इससे यह भी देखा जा सकेगा कि ट्रेनिंग के दौरान शिक्षक ने कितना सीखा।

महेंद्रगढ़ की यह ट्रेनिंग हरियाणा में चल रहे बड़े शिक्षक प्रशिक्षण कार्यक्रम का हिस्सा है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने 29 अगस्त को बताया था कि निपुण हरियाणा के तहत दो प्रशिक्षण चरण पूरे हो चुके हैं और अगले चरण में करीब 32 हजार पीआरटी शिक्षकों को प्रशिक्षण देने की योजना है।

क्या बच्चों को भी सीधे AI चलाना होगा?

अभी सामने आई ट्रेनिंग की जानकारी में बच्चों को खुद एआई टूल चलाने की बात नहीं है। इसका मुख्य फोकस शिक्षकों को एआई की मदद से वर्कशीट, लेसन प्लान, वीडियो और अभ्यास सामग्री तैयार करना सिखाने पर है।

हरियाणा में इससे पहले भी प्राइमरी शिक्षकों के लिए एआई आधारित ऑनलाइन ट्रेनिंग शुरू की जा चुकी है। इसमें शिक्षकों को बच्चों की जरूरत के अनुसार वर्कशीट और दूसरी पढ़ाई की सामग्री तैयार करने के साथ एआई से मिली जानकारी की जांच और बच्चों की प्राइवेसी का ध्यान रखने की ट्रेनिंग दी जा रही है।

निपुण हरियाणा मिशन का दायरा भी अब आगे बढ़ रहा है। राज्य सरकार के अनुसार चालू शैक्षणिक वर्ष में इसे कक्षा चार तक लागू किया जा रहा है और बालवाटिका-3 से कक्षा चार तक बच्चों का डिजिटल मूल्यांकन निपुण हरियाणा टीचर ऐप के जरिए किया जा चुका है।

लेखक

Sandeep Kumar

संदीप कुमार LocalHaryana.com के संस्थापक और संपादक हैं। वे वर्ष 2020 से डिजिटल पत्रकारिता और ऑनलाइन समाचार प्रकाशन के क्षेत्र में कार्य कर रहे हैं। वे मुख्य रूप से हरियाणा समाचार, सरकारी योजनाएं, नौकरियां, शिक्षा, खेतीबाड़ी और मौसम से जुड़े विषयों पर लेखन और संपादन करते हैं। उनका प्रयास पाठकों तक तथ्य आधारित, स्पष्ट और उपयोगी जानकारी सरल हिंदी में पहुँचाना है। LocalHaryana.com पर प्रकाशित सामग्री उपलब्ध आधिकारिक सूचनाओं और विश्वसनीय स्रोतों के आधार पर तैयार की जाती है।

और पढ़ें

सभी देखें