हरियाणा में मधुमक्खी पालन अब मुख्यमंत्री बागवानी बीमा योजना में शामिल, मिलेगा ये बड़ा फायदा

हरियाणा में मधुमक्खी पालन को मुख्यमंत्री बागवानी बीमा योजना में शामिल किया गया है। जानें पात्रता, बीमा फीस, मुआवजे की शर्तें और हेल्पलाइन नंबर।

रेवाड़ी, 26 अक्टूबर 2026। हरियाणा में मधुमक्खी पालन करने वाले किसानों और उद्यमियों के लिए राहत भरी खबर है। राज्य सरकार ने मधुमक्खी पालन को मुख्यमंत्री बागवानी बीमा योजना में शामिल किया है। इस पहल का उद्देश्य प्राकृतिक आपदाओं और योजना में निर्धारित अन्य कारणों से मधुमक्खी के बक्सों व कॉलोनियों को होने वाले नुकसान की स्थिति में पालकों को आर्थिक सुरक्षा देना है।

रेवाड़ी के उपायुक्त अभिषेक मीणा ने बताया कि इस कदम से मधुमक्खी पालन को प्रोत्साहन मिलेगा और इस व्यवसाय से जुड़े किसानों एवं उद्यमियों को लाभ मिल सकेगा। उन्होंने पात्र मधुमक्खी पालकों से योजना की जानकारी लेकर इसका लाभ उठाने की अपील की है।

किन परिस्थितियों में मिलेगा मुआवजा?

मुख्यमंत्री बागवानी बीमा योजना के तहत निर्धारित शर्तों के अनुसार, मधुमक्खी के बक्सों और कॉलोनियों को निम्नलिखित परिस्थितियों में नुकसान होने पर मुआवजे के लिए पात्रता बन सकती है।

  • बाढ़ से नुकसान: बाढ़ के दौरान मधुमक्खी के बक्से और कॉलोनियां पानी में डूबने पर।
  • आग लगने पर: आग के कारण मधुमक्खी के बक्सों और कॉलोनियों के खराब होने पर।
  • परिवहन के दौरान दुर्घटना: मधुमक्खी के बक्सों और कॉलोनियों को ले जाते समय दुर्घटना से नुकसान होने पर। इसके लिए दुर्घटना हरियाणा के भीतर हुई होनी चाहिए और संबंधित एफआईआर या डीडीआर दर्ज होना जरूरी है।
  • महामारी से नुकसान: मधुमक्खियों में महामारी के कारण नुकसान होने पर, योजना की लागू शर्तों के अधीन।

मधुमक्खी पालकों को दावा करने से पहले संबंधित विभाग से नुकसान के आकलन, आवश्यक दस्तावेजों और मुआवजे की प्रक्रिया की पुष्टि कर लेनी चाहिए।

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अधिकतम 250 मधुमक्खी कॉलोनियों और बक्सों पर मिलेगा लाभ

योजना का लाभ लेने के लिए कुछ जरूरी शर्तें तय की गई हैं। प्रति मधुमक्खी पालक अधिकतम 250 मधुमक्खी कॉलोनियों और बक्सों की सीमा निर्धारित है।

इसके अलावा, मधुमक्खी पालक का भावांतर भरपाई योजना-शहद के तहत पंजीकरण अनिवार्य है। प्रत्येक मधुमक्खी बॉक्स पर भावांतर भरपाई योजना का यूनिक नंबर होना भी जरूरी है।

इसलिए योजना का लाभ लेने के इच्छुक पालकों को अपना पंजीकरण और बॉक्स से संबंधित पहचान संख्या पहले से सुनिश्चित कर लेनी चाहिए।

कितनी होगी बीमा फीस और बीमा राशि?

सरकार की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, योजना के तहत प्रति कॉलोनी और प्रति बॉक्स बीमा फीस तथा बीमा राशि का विवरण इस प्रकार है।

विवरणमधुमक्खी कॉलोनीमधुमक्खी बॉक्स
बीमा फीस₹50₹50
निर्धारित बीमा राशि₹1,250₹1,250

प्रशासन की ओर से साझा विवरण में कॉलोनी और बॉक्स के लिए अधिकतम बीमा राशि क्रमशः ₹3,12,500 और ₹3,12,500 भी दर्शाई गई है। हालांकि, बीमा राशि की गणना और अधिकतम सीमा को लेकर आवेदन करने से पहले जिला उद्यान अधिकारी से पुष्टि करना उचित होगा।

योजना का लाभ कैसे लें? यहां करें संपर्क

मधुमक्खी पालन को मुख्यमंत्री बागवानी बीमा योजना में शामिल करने का उद्देश्य इस व्यवसाय से जुड़े किसानों को नुकसान की स्थिति में आर्थिक सहारा देना है। पात्रता, पंजीकरण, बीमा कवरेज और दावा प्रक्रिया से संबंधित अधिक जानकारी के लिए मधुमक्खी पालक निम्नलिखित माध्यमों से संपर्क कर सकते हैं।

  • टोल फ्री हेल्पलाइन: 1800-180-2021
  • संपर्क कार्यालय: जिला उद्यान अधिकारी का कार्यालय

मधुमक्खी पालकों को सलाह है कि वे बीमा संबंधी शर्तों, जरूरी दस्तावेजों और दावे की प्रक्रिया की जानकारी लेकर ही आवेदन करें।

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