सिरसा में 21 सितंबर को विशेष कैंप, शामलात भूमि पर बने मकानों मिलेगा मालिकाना हक
लोकल हरियाणा, सिरसा। सिरसा जिले के गांव साहुवाला-1 में शामलात भूमि पर बने पात्र मकानों के नियमितीकरण के लिए सोमवार, 21 सितंबर को विशेष शिविर लगाया जाएगा। सेवा सेतु अभियान के तहत यह शिविर गांव की ई-लाइब्रेरी में सुबह 10…

लोकल हरियाणा, सिरसा। सिरसा जिले के गांव साहुवाला-1 में शामलात भूमि पर बने पात्र मकानों के नियमितीकरण के लिए सोमवार, 21 सितंबर को विशेष शिविर लगाया जाएगा। सेवा सेतु अभियान के तहत यह शिविर गांव की ई-लाइब्रेरी में सुबह 10 बजे से शुरू होगा। शिविर में पात्र लोगों को मकान नियमित कराने और मालिकाना हक से जुड़ी प्रक्रिया की जानकारी व सेवाएं दी जाएंगी।
हरियाणा सरकार की योजना के तहत ग्राम पंचायत की शामलात भूमि पर 31 मार्च 2004 या उससे पहले बने अधिकतम 500 वर्ग गज के आवासीय मकान नियमित किए जा सकते हैं। इसके लिए आवेदन समाधान पोर्टल के जरिए ऑनलाइन किया जाता है और पात्र मामलों में जांच व मंजूरी के बाद मालिकियत प्रमाण-पत्र जारी किया जाता है।
किन मकानों को मिल सकता है मालिकाना हक?
इस योजना का लाभ हर शामलात भूमि पर बने मकान को अपने आप नहीं मिलेगा। सरकारी नियम के मुताबिक मकान ग्राम पंचायत की शामलात भूमि पर होना चाहिए और उसका निर्माण 31 मार्च 2004 या उससे पहले हुआ होना जरूरी है। योजना में अधिकतम 500 वर्ग गज तक के आवासीय मकान का ही नियमितीकरण किया जा सकता है।
पुराने कब्जे को साबित करने के लिए बिजली या पानी के पुराने कनेक्शन जैसे रिकॉर्ड भी काम आ सकते हैं। इसलिए साहुवाला-1 के शिविर में जाने वाले ऐसे परिवार, जिनका मकान इस समय सीमा और जमीन की श्रेणी में आता है, अपने मामले की पात्रता और आगे की प्रक्रिया की जानकारी ले सकते हैं।
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आवेदन के लिए ये दस्तावेज पड़ सकते हैं जरूरी
सरकार की मौजूदा प्रक्रिया के मुताबिक ऑनलाइन आवेदन के साथ शपथ पत्र या आवेदन पत्र, नवीनतम जमाबंदी, वर्ष 2004 या उससे पहले की जमाबंदी, खसरा गिरदावरी, अक्स-शजरा, निशानदेही रिपोर्ट और फील्ड बुक जैसे रिकॉर्ड मांगे जाते हैं।
इसके अलावा मकान की सभी दिशाओं से फोटो, 31 मार्च 2004 से पहले का कब्जा साबित करने वाला रिकॉर्ड, साइट प्लान, मूल्य निर्धारण से जुड़े दस्तावेज और आधार कार्ड सहित दूसरे जरूरी कागजात भी अपलोड करने होते हैं। अधूरे या गलत दस्तावेज वाले आवेदन वापस किए जा सकते हैं।
हालांकि 21 सितंबर के साहुवाला-1 शिविर की जारी सूचना में यह नहीं कहा गया है कि ये सभी दस्तावेज कैंप में लेकर आना अनिवार्य है। यह सूची ऑनलाइन नियमितीकरण आवेदन में मांगे जाने वाले दस्तावेजों की है।
16 जनवरी 2027 तक ऑनलाइन आवेदन का मौका
हरियाणा सरकार ने शामलात भूमि पर पुराने मकानों के नियमितीकरण के लिए आवेदन की अंतिम तारीख 16 जनवरी 2027 तक बढ़ा रखी है। नए और पहले से लंबित मामलों को भी समाधान पोर्टल के जरिए आगे बढ़ाया जाना है। पुराने ऑफलाइन आवेदन वाले मामलों में जरूरी कागजात और पंचायत से जुड़े रिकॉर्ड पोर्टल पर अपलोड करना होगा।
आवेदन के बाद पहले ग्राम पंचायत स्तर पर सत्यापन होता है, इसके बाद फील्ड सर्वे और सक्षम अधिकारी की मंजूरी की प्रक्रिया पूरी की जाती है। पात्र मामला मंजूर होने पर डिजिटल मालिकियत प्रमाण-पत्र जारी किया जाता है। आवेदन और उसका स्टेटस हरियाणा विकास एवं पंचायत विभाग के समाधान पोर्टल पर देखा जा सकता है।
इसलिए 21 सितंबर को लगने वाला शिविर मालिकाना हक मिलने की अंतिम मंजूरी नहीं है। शिविर का फायदा पात्र लोगों को अपने मामले की जानकारी लेने और नियमितीकरण की प्रक्रिया आगे बढ़ाने में मिलेगा।








