हरियाणा सरकार ने सरकारी विभागों में बेहतर काम, नए प्रयोग और जनता को सुविधाएं देने के लिए हरियाणा सुशासन पुरस्कार योजना 2026 लागू की है। योजना के तहत राज्य स्तर पर चुने जाने वाले सरकारी कर्मचारियों को 51,000 रुपये और जिला स्तर पर चयनित कर्मचारियों को 31,000 रुपये प्रति सदस्य नकद पुरस्कार दिया जाएगा। इसके साथ ट्रॉफी और प्रशस्ति पत्र भी मिलेगा। योजना के लिए ऑनलाइन आवेदन 1 नवंबर 2026 से शुरू होंगे और 25 नवंबर अंतिम तारीख तय की गई है। सरकारी कर्मचारियों के व्यक्तिगत काम के साथ अधिकतम चार सदस्यों की टीम के काम पर भी विचार किया जाएगा।
उपायुक्त वर्षा खांगवाल ने बताया कि योजना का मकसद सरकारी कामकाज में पारदर्शिता बढ़ाना, प्रशासन को बेहतर बनाना और जनता के हित में अच्छा काम करने वाले कर्मचारियों को सम्मान देना है। हरियाणा सरकार ने इस योजना की अधिसूचना 9 सितंबर 2026 को जारी की थी, जिसे 15 सितंबर के हरियाणा सरकारी गजट में प्रकाशित किया गया।
राज्य स्तर पर दो तरह के पुरस्कार, हर सदस्य को मिलेंगे 51 हजार रुपये
हरियाणा सुशासन पुरस्कार योजना के तहत राज्य स्तर पर दो श्रेणियों में सम्मान दिया जाएगा। इनमें राज्य फ्लैगशिप पुरस्कार और राज्य पुरस्कार शामिल हैं। दोनों श्रेणियों में अधिकतम पांच-पांच पुरस्कार दिए जा सकते हैं।
राज्य स्तर पर चुने जाने वाले प्रत्येक सदस्य को 51,000 रुपये नकद दिए जाएंगे। विजेताओं को हरियाणा सरकार के मुख्य सचिव के हस्ताक्षर वाला प्रशस्ति पत्र और ट्रॉफी भी मिलेगी। प्रशस्ति पत्र की एक प्रति संबंधित प्रशासनिक सचिव के माध्यम से कर्मचारी की सर्विस बुक में रखी जा सकती है।
राज्य फ्लैगशिप पुरस्कार खास तौर पर उन योजनाओं और पहलों के लिए हैं, जिनसे सरकारी कामकाज में अच्छा बदलाव आया हो। इसके लिए संबंधित विभाग के प्रशासनिक सचिव अपने विभागाध्यक्ष से सलाह लेकर योजना का नामांकन करेंगे। इसके साथ उस योजना को तैयार करने या लागू करने में अहम भूमिका निभाने वाले अधिकतम चार कर्मचारियों के नाम भी दिए जा सकते हैं।
राज्य पुरस्कार के लिए पात्र कर्मचारी व्यक्तिगत रूप से या अधिकतम चार सदस्यों की टीम के साथ आवेदन कर सकते हैं। टीम के सभी सदस्यों को समान नकद राशि मिलेगी। कर्मचारी का पद या रैंक पुरस्कार की राशि तय करने का आधार नहीं होगा।
हर जिले में दिए जा सकेंगे अधिकतम पांच पुरस्कार
योजना के तहत जिला स्तर पर भी कर्मचारियों को सम्मानित किया जाएगा। हर जिले में अधिकतम पांच पुरस्कार दिए जा सकते हैं। जिला स्तर पर चयनित प्रत्येक सदस्य को 31,000 रुपये नकद, ट्रॉफी और प्रशस्ति पत्र मिलेगा।
जिला स्तर के पुरस्कार का प्रशस्ति पत्र संबंधित मंडलायुक्त के हस्ताक्षर से जारी होगा। इसके लिए जिले के उपायुक्त की सिफारिश जरूरी होगी। पुरस्कार की अंतिम मंजूरी संबंधित जिले के उपायुक्त देंगे।
जिला स्तर पर भी एक कर्मचारी या अधिकतम चार सदस्यों की टीम के काम पर विचार किया जा सकता है। टीम के सभी पात्र सदस्यों को समान राशि मिलेगी। जिला स्तर पर आवेदनों की जांच उपायुक्त की अध्यक्षता वाली जिला स्तरीय सशक्त समिति करेगी। इसमें पुलिस अधीक्षक या पुलिस उपायुक्त (मुख्यालय), अतिरिक्त उपायुक्त और समिति के अध्यक्ष की ओर से शामिल किए गए अन्य अधिकारी भी सदस्य हो सकते हैं।
कौन-कौन कर सकता है आवेदन?
हरियाणा सरकार के विभागों, बोर्डों, निगमों, वैधानिक प्राधिकरणों, मिशनों, समितियों, संस्थानों, विश्वविद्यालयों और सरकार के स्वामित्व व नियंत्रण वाले सार्वजनिक उपक्रमों में काम करने वाले पात्र कर्मचारी इस योजना के दायरे में आते हैं।
योजना में ग्रुप-ए, ग्रुप-बी, ग्रुप-सी और ग्रुप-डी के कर्मचारी शामिल हैं। इसके अलावा हरियाणा कौशल रोजगार निगम लिमिटेड (HKRNL), HARTRON, NIC, जिला सूचना प्रौद्योगिकी सोसायटी के माध्यम से नियुक्त संविदा कर्मचारी और आउटसोर्सिंग नीति के तहत काम करने वाले पात्र कर्मचारी भी आवेदन कर सकते हैं।
हालांकि, सभी सरकारी अधिकारियों और कर्मचारियों को इस योजना के लिए पात्र नहीं माना गया है। अधिसूचना के अनुसार प्रशासनिक सचिव, विभागाध्यक्ष और अखिल भारतीय सेवा के अधिकारी इस योजना के तहत पुरस्कार के पात्र नहीं हैं।
किसी योजना या पहल को एक बार पुरस्कार मिल चुका है, तो उसी योजना को अगले वर्षों में दोबारा पुरस्कार के लिए विचार में नहीं लिया जाएगा। इसलिए नामांकन में ऐसी उपलब्धियों और काम का विवरण देना जरूरी होगा, जिनसे सरकारी सेवाओं या प्रशासन में वास्तविक सुधार हुआ हो।
1 जनवरी 2025 से 30 अक्टूबर 2026 तक के काम पर होगा विचार
हरियाणा सुशासन पुरस्कार योजना 2026 के लिए प्रदर्शन की अवधि 1 जनवरी 2025 से 30 अक्टूबर 2026 तक तय की गई है। इसी दौरान किए गए काम, नए प्रयोग, योजनाओं के नतीजे और जनता पर पड़े सकारात्मक असर के आधार पर नामांकनों पर विचार किया जाएगा।
ऑनलाइन आवेदन 1 नवंबर 2026 से शुरू होंगे। आवेदन जमा करने की अंतिम तारीख 25 नवंबर 2026 है। राज्य और जिला स्तर के पुरस्कार विजेताओं के नामों को 15 दिसंबर 2026 तक अंतिम रूप देने का लक्ष्य रखा गया है। अधिसूचना में यह भी कहा गया है कि सरकार की मंजूरी से तारीखों में बदलाव किया जा सकता है।
ऑनलाइन आवेदन कहां और कैसे करना होगा?
पुरस्कार के लिए निर्धारित ऑनलाइन पोर्टल पर आवेदन करना अनिवार्य है। आवेदन के लिए आधिकारिक वेबसाइट haryanagoodgovernanceawards.haryana.gov.in तय की गई है।
आवेदन जमा करने की प्रक्रिया में कार्यालय और विभाग के स्तर पर जांच और सिफारिश जरूरी होगी। राज्य पुरस्कार के लिए आवेदन करने वाले कर्मचारियों को इन चरणों का पालन करना होगा।
- ऑनलाइन आवेदन तैयार करें: कर्मचारी या अधिकतम चार सदस्यों की टीम अपने काम और उपलब्धियों का विवरण तैयार करके निर्धारित पोर्टल के माध्यम से आवेदन की प्रक्रिया शुरू करेगी।
- कार्यालय या विभागाध्यक्ष को भेजें: आवेदन संबंधित कार्यालयाध्यक्ष या विभागाध्यक्ष के समक्ष रखा जाएगा। अधिकारी आवेदन की जांच कर अपनी विस्तृत टिप्पणी और सिफारिश देंगे।
- प्रशासनिक सचिव के पास भेजें: विभागाध्यक्ष की टिप्पणी के बाद आवेदन संबंधित प्रशासनिक सचिव के पास जाएगा। प्रशासनिक सचिव अपनी टिप्पणी और सिफारिश के साथ इसे सामान्य प्रशासन विभाग की अनुसंधान इकाई को भेजेंगे।
- समिति करेगी जांच: राज्य स्तर के पुरस्कारों के लिए गठित सशक्त समिति नामांकनों की जांच कर पात्र कर्मचारियों और योजनाओं की सिफारिश करेगी। जिला स्तर पर संबंधित जिला स्तरीय समिति आवेदनों पर विचार करेगी।
राज्य स्तर के पुरस्कारों के लिए आवेदन सीधे सशक्त समिति के पास जमा नहीं किए जा सकते। वहीं, राज्य फ्लैगशिप पुरस्कारों के लिए संबंधित विभाग के प्रशासनिक सचिव नामांकन पोर्टल पर प्रस्तुत करेंगे। जिला स्तर की प्रक्रिया में नामांकन संबंधित जिले के कार्यालय प्रमुखों के माध्यम से आगे बढ़ेंगे।
आवेदन के साथ कौन-से दस्तावेज देने होंगे?
आवेदन के साथ संबंधित काम या परियोजना का अधिकतम 200 शब्दों का विवरण देना होगा। इसमें यह बताना होगा कि कौन-सी योजना या पहल शुरू की गई, उसे लागू करने के लिए क्या तरीका अपनाया गया और काम किस अवधि में पूरा हुआ।
इस विवरण में खास उपलब्धियों, काम से मिले नतीजों, जनता को हुए फायदे, योजना को दूसरे क्षेत्रों में लागू करने की संभावना और लंबे समय तक उसके असर की जानकारी भी शामिल करनी होगी।
इसके साथ अधिकतम 10 स्लाइड की पावरपॉइंट प्रस्तुति जमा करनी होगी। आवेदन में कर्मचारी का नाम, पदनाम, तैनाती या काम करने का स्थान और HRMS के अनुसार NIC की ओर से आवंटित पेयी कोड देना भी जरूरी है।
पुरस्कार के लिए चयन कौन करेगा?
राज्य स्तर के पुरस्कारों के लिए सरकार की ओर से गठित सशक्त समिति आवेदनों और नामांकनों की जांच करेगी। समिति योग्य कर्मचारियों और योजनाओं के नामों की सिफारिश करेगी, लेकिन राज्य स्तर के पुरस्कारों की अंतिम मंजूरी हरियाणा सरकार देगी।
जिला स्तर पर उपायुक्त की अध्यक्षता वाली सशक्त समिति आवेदनों का मूल्यांकन करेगी। इस स्तर पर पुरस्कारों की अंतिम मंजूरी संबंधित जिले के उपायुक्त के पास होगी।
सरकार की योजना ऐसे काम को पहचान देने की है, जिनसे प्रशासन की कार्यक्षमता बढ़ी हो, सरकारी सेवाओं में सुधार आया हो या जनता को पहले से बेहतर सुविधा मिली हो। पुरस्कारों के लिए केवल नामांकन ही नहीं, बल्कि काम के परिणाम, उसका सकारात्मक असर और उसे लंबे समय तक जारी रखने की संभावना भी महत्वपूर्ण होगी।
C.S. Haryana
योजना की अधिसूचना और आवेदन से जुड़े नियम हरियाणा के मुख्य सचिव कार्यालय की आधिकारिक वेबसाइट पर भी उपलब्ध हैं। आवेदन करने से पहले पात्रता, जरूरी दस्तावेज और नामांकन की प्रक्रिया का मिलान आधिकारिक नियमों से करना जरूरी है।





