चंडीगढ़, 30 अक्टूबर 2026। हरियाणा सरकार ने नगर पालिकाओं में कार्यरत करीब 21 हजार सफाई कर्मचारियों और सीवरमैन को बड़ी राहत दी है। अब उन्हें हर महीने 2000 रुपये का जोखिम भत्ता मिलेगा। शहरी स्थानीय निकाय विभाग ने इस संबंध में आदेश जारी कर दिए हैं और यह भत्ता तत्काल प्रभाव से लागू होगा। यह राशि ‘पालिका रोल’ पर काम कर रहे कर्मचारियों के बराबर होगी ।
विभाग ने यह आदेश सभी नगर निगमों, जिला नगर आयुक्तों, नगर परिषदों के कार्यकारी अधिकारियों और नगर समितियों के सचिवों को भेज दिया है। यह फैसला वित्त विभाग और मानव संसाधन विभाग की सहमति से लिया गया है, जो 22 अक्टूबर को मिली थी ।
प्रदर्शन-आधारित सालाना प्रोत्साहन बंद
इस नए आदेश के साथ नियमित सफाई कर्मचारियों को पहले दिए जाने वाले प्रदर्शन-आधारित सालाना प्रोत्साहन को वापस ले लिया गया है। यह प्रोत्साहन पहले जोखिम भत्ते के बदले दिया जाता था, जिसकी राशि 12 हजार रुपये और 9 हजार रुपये थी। यह कदम भी तत्काल प्रभाव से लागू होगा ।
यूनियन ने जताई नाराजगी
राज्य नगर पालिका कर्मचारी संघ के प्रधान नरेश शास्त्री ने प्रदर्शन-आधारित प्रोत्साहन वापस लिए जाने पर कड़ी आपत्ति जताई है। उनका कहना है कि यह न्याय संगत नहीं है, क्योंकि कर्मचारियों की बेहतर कार्यशैली को लेकर प्रोत्साहन राशि दिया जाना जरूरी है ताकि उन्हें बेहतर काम के लिए प्रोत्साहित किया जा सके। उन्होंने कहा कि 2000 रुपये का भत्ता जोखिम भत्ता है, प्रोत्साहन नहीं ।
खर्च नगरपालिकाएं खुद उठाएंगी
आदेश में साफ किया गया है कि इस भत्ते पर होने वाला खर्च संबंधित नगरपालिका अपने फंड से वहन करेगी। इसके लिए राज्य सरकार की ओर से कोई अतिरिक्त अनुदान, ऋण या वित्तीय सहायता नहीं दी जाएगी ।










