हरियाणा यूनिवर्सिटी गेस्ट फैकल्टी की नौकरी होगी सुरक्षित? सरकार लाएगी नया Act; ये 6 शर्तें होंगी जरूरी
हरियाणा सरकार यूनिवर्सिटी गेस्ट फैकल्टी के लिए सेवा सुरक्षा एक्ट-2026 लाएगी। पांच साल सर्विस समेत 6 शर्तें प्रस्तावित हैं।

लोकल हरियाणा, चंडीगढ़। हरियाणा की सरकारी यूनिवर्सिटियों में वर्षों से काम कर रहे गेस्ट फैकल्टी और कॉन्ट्रैक्चुअल शिक्षकों के लिए बड़ी राहत की तैयारी है। शिक्षा मंत्री महीपाल ढांडा ने विधानसभा में बताया कि सरकार कॉलेजों की तर्ज पर यूनिवर्सिटी गेस्ट फैकल्टी को सेवा सुरक्षा देने के लिए नया एक्ट-2026 लाएगी। हालांकि अभी यह कानून लागू नहीं हुआ है। प्रस्तावित व्यवस्था में फायदा लेने के लिए शिक्षकों को छह प्रमुख शर्तें पूरी करनी होंगी।
यह मामला हरियाणा यूनिवर्सिटी कॉन्ट्रैक्चुअल टीचर एसोसिएशन और हरियाणा यूनिवर्सिटी पार्ट टाइम टीचर एसोसिएशन की मांग के बाद आगे बढ़ा। सरकार ने एमडीयू रोहतक के कुलपति की अध्यक्षता में कमेटी बनाई थी। इसी कमेटी ने सेवा सुरक्षा के लिए शर्तें तय करते हुए अपनी सिफारिश सरकार को दी है। फरवरी 2026 तक सरकार इस कानून पर विचार और अलग-अलग विभागों से राय लेने की प्रक्रिया में थी, जबकि अब शिक्षा मंत्री ने विधानसभा में नया एक्ट लाने की बात कही है।
किन गेस्ट फैकल्टी को मिल सकती है सेवा सुरक्षा?
कमेटी की सिफारिशों के अनुसार केवल लंबे समय से काम कर रहे हर शिक्षक को अपने आप सेवा सुरक्षा नहीं मिलेगी। पात्रता, सर्विस, उम्र, पढ़ाने के घंटों और नियुक्ति प्रक्रिया से जुड़ी शर्तें भी पूरी करनी होंगी।
ये छह मापदंड एमडीयू के कुलपति की अध्यक्षता वाली कमेटी की सिफारिशों में बताए गए हैं। अंतिम कानून में इन्हें किस रूप में शामिल किया जाता है, यह एक्ट सामने आने पर पूरी तरह साफ होगा।
| शर्त | क्या जरूरी होगा |
|---|---|
| शैक्षणिक पात्रता | 30 जून 2023 तक असिस्टेंट प्रोफेसर पद की सभी जरूरी पात्रता पूरी हो |
| सर्विस | 15 अगस्त 2024 तक कम से कम 5 साल की लगातार सेवा पूरी हो और शिक्षक अभी भी कार्यरत हो |
| उम्र | 15 अगस्त 2024 को उम्र 60 साल से कम हो |
| पुराना शिक्षण कार्य | 2019-20 से 2023-24 तक प्रति माह कम से कम 16 घंटे पढ़ाया हो |
| मौजूदा शिक्षण कार्य | वर्तमान में प्रति सप्ताह कम से कम 16 घंटे पढ़ा रहा हो |
| नियुक्ति प्रक्रिया | नियुक्ति अखबार में विज्ञापन और विधिवत गठित सेलेक्शन कमेटी के जरिए हुई हो |
क्या 5 साल की सर्विस होना जरूरी है?
मौजूदा सिफारिश में 15 अगस्त 2024 तक पांच साल की लगातार सेवा पूरी करना जरूरी रखा गया है। साथ ही शिक्षक का वर्तमान में भी कार्यरत होना जरूरी होगा।
इसका मतलब है कि केवल वर्तमान में यूनिवर्सिटी में गेस्ट फैकल्टी के तौर पर पढ़ाना पर्याप्त नहीं होगा। पांच साल की सर्विस और बाकी पात्रता शर्तें भी देखी जाएंगी।
क्या पार्ट टाइम टीचर को भी मिलेगा फायदा?
सेवा सुरक्षा का मुद्दा सरकार के सामने उठाने वालों में हरियाणा यूनिवर्सिटी पार्ट टाइम टीचर एसोसिएशन भी शामिल है। सरकार ने इसी मामले पर विचार के लिए उच्चस्तरीय कमेटी बनाई थी।
हालांकि इसका मतलब यह नहीं है कि हर पार्ट टाइम शिक्षक अपने आप एक्ट के दायरे में आ जाएगा। खास तौर पर मौजूदा समय में प्रति सप्ताह कम से कम 16 घंटे पढ़ाने की शर्त महत्वपूर्ण होगी। नए एक्ट का पूरा मसौदा सामने आने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि अलग-अलग कैटेगरी के पार्ट टाइम और कॉन्ट्रैक्चुअल शिक्षकों को किस तरह शामिल किया जाएगा।
क्या सेवा सुरक्षा मिलने पर गेस्ट फैकल्टी रेगुलर हो जाएगी?
अभी की घोषणा को रेगुलर भर्ती या रेगुलराइजेशन नहीं समझना चाहिए। सरकार ने यूनिवर्सिटी गेस्ट फैकल्टी को सेवा सुरक्षा देने के लिए कानून लाने की घोषणा की है।
कॉलेजों के लिए पहले से लागू सेवा सुरक्षा कानून में पात्र एक्सटेंशन और गेस्ट लेक्चरर को नौकरी की सुरक्षा और तय पारिश्रमिक जैसे फायदे दिए गए हैं। 2024 का कानून सरकारी कॉलेजों के पात्र गेस्ट और एक्सटेंशन लेक्चरर के लिए अलग व्यवस्था करता है। जुलाई 2026 के हाईकोर्ट रिकॉर्ड में भी इस कानून के तहत पात्र कर्मचारियों के लिए 57,700 रुपये मासिक पारिश्रमिक और महंगाई भत्ते के प्रावधान का उल्लेख है।
लेकिन यूनिवर्सिटी गेस्ट फैकल्टी को भी बिल्कुल यही वेतन या दूसरी सुविधाएं मिलेंगी, यह अभी कहना जल्दबाजी होगी। इसके लिए नए एक्ट की अंतिम शर्तें देखनी होंगी।
कॉलेजों में 2,095 शिक्षकों को मिल चुका फायदा
शिक्षा मंत्री महीपाल ढांडा ने विधानसभा में बताया कि कॉलेजों के लिए सेवा सुरक्षा कानून पहले लागू किया जा चुका है और इसके तहत 2,095 कर्मचारियों को नौकरी की सुरक्षा का फायदा मिला है। सरकार अब इसी तर्ज पर यूनिवर्सिटी शिक्षकों के लिए नया कानून लाने जा रही है।
कॉलेजों के लिए सेवा सुरक्षा कानून जनवरी 2025 में नोटिफाई हुआ था और बाद में 2026 में इसके पात्रता तथा दूसरे प्रावधानों में भी संशोधन किया गया।
नया सेवा सुरक्षा एक्ट कब से लागू होगा?
अभी सरकार ने नया एक्ट लाने की घोषणा की है। इसलिए गेस्ट फैकल्टी को फिलहाल इन छह शर्तों के आधार पर सेवा सुरक्षा मिलनी शुरू हो गई है, ऐसा नहीं है।
आगे सरकार को प्रस्तावित कानून की प्रक्रिया पूरी करनी होगी। एक्ट का अंतिम स्वरूप सामने आने के बाद यह साफ होगा कि किन यूनिवर्सिटियों के कितने शिक्षक इसके दायरे में आएंगे, सेवा सुरक्षा कितनी उम्र तक मिलेगी और वेतन व दूसरी सुविधाओं के क्या नियम होंगे।








